मुरैना: कलेक्टर श्री लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशन में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा बुधवार को मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध एवं निवारण) अधिनियम, 2013 (पॉश एक्ट) तथा शी-बॉक्स पोर्टल विषय पर एक विशेष प्रशिक्षण सत्र और जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सभी कर्मचारियों को सुरक्षित, गरिमामय और समावेशी कार्य वातावरण प्रदान करने के प्रति जागरूक करना था। इस अवसर पर परियोजना अधिकारी (महिला एवं बाल विकास मुरैना ग्रामीण) सुश्री निशा शंखवार तथा जिला स्तरीय परिवाद समिति सदस्य, समिति की सचिव एवं वन स्टॉप सेंटर प्रशासक श्रीमती अपूर्वा चौधरी मुख्य रूप से उपस्थित रहीं।
कार्यशाला में प्रतिभागियों को पॉश एक्ट, 2013 के प्रमुख प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी गई। विशेष रूप से बताया गया कि:
- सभी शासकीय एवं अशासकीय संस्थाओं (10 या अधिक कर्मचारियों वाली) में आंतरिक परिवाद समिति (ICC) का गठन अनिवार्य है।
- कार्यस्थल पर सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित करना हर संस्था की जिम्मेदारी है।
- यदि किसी कर्मचारी (महिला) के साथ यौन उत्पीड़न की कोई घटना होती है, तो उसे बिना किसी डर के संबंधित समिति के समक्ष शिकायत दर्ज करानी चाहिए।
- शी-बॉक्स पोर्टल (SHe-Box) के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने की सुविधा उपलब्ध है, जो महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा संचालित एक सुरक्षित, गोपनीय और एकल खिड़की प्लेटफॉर्म है। यह पोर्टल शिकायतों को स्वतः संबंधित समिति तक पहुंचाता है और रीयल-टाइम ट्रैकिंग की सुविधा देता है।
अधिकारियों ने जोर दिया कि पॉश एक्ट का प्रभावी क्रियान्वयन महिलाओं के लिए सुरक्षित कार्यस्थल बनाने में महत्वपूर्ण है। यह कार्यशाला मध्यप्रदेश में चल रहे मिशन शक्ति अभियान का हिस्सा है, जो महिलाओं की सुरक्षा, सशक्तिकरण और कार्यस्थल पर उत्पीड़न मुक्त वातावरण सुनिश्चित करने पर केंद्रित है।
- रिपोर्ट – जिला ब्यूरो चीफ मुरैना मुहम्मद इसरार खान





