दैनिक जिला नजर संवाददाता
फतेहाबाद। एक ओर उत्तर प्रदेश सरकार प्रदेश को हरा-भरा बनाने और पर्यावरण संरक्षण के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर वृक्षारोपण अभियान चला रही है, वहीं दूसरी ओर फतेहाबाद क्षेत्र में वन विभाग और वन माफियाओं की कथित मिलीभगत से बड़े पैमाने पर हरे पेड़ों की कटाई जारी है।
क्षेत्र में वनों की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालने वाले कर्मचारियों पर ही वन माफियाओं से सांठगांठ कर अवैध कटान कराने के आरोप लग रहे हैं।
थाना फतेहाबाद और थाना निबोहरा क्षेत्र में आए दिन हरे पेड़ों पर आरी चलाई जा रही है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी कार्रवाई करने के बजाय अनजान बने हुए हैं।
ताजा मामला गुरुवार को थाना फतेहाबाद क्षेत्र के नगला हाजी स्थित नगरिया गांव का है, जहां वन माफियाओं द्वारा दो स्थानों पर एक दर्जन से अधिक हरे बबूल के पेड़ों को काट दिया गया।

पेड़ काटने की सूचना वन विभाग को भी दी गई। आरोप है कि वन विभाग कर्मचारियों की मिलीभगत के चलते क्षेत्र में खुलेआम हरे पेड़ों की कटाई हो रही है।
लगातार हो रही अवैध कटाई से पर्यावरण को नुकसान पहुंच रहा है वही इस संबंध में वन क्षेत्राधिकारी विशाल सिंह राठौर से बात की गई तो उन्होंने जांच करने की बात कही।





















