वृंदावन।पिछले करीब दो महीनों से यमुना पार बेलवन स्थित यमुना बिहार कुंज में एकांत साधना कर रहे संत प्रेमानंद महाराज गुरु पूर्णिमा महोत्सव के अवसर पर अपने शिष्यों को दर्शन देंगे। 23 जुलाई से 29 जुलाई तक आयोजित होने वाले सात दिवसीय कार्यक्रम के लिए आश्रम प्रशासन ने विशेष व्यवस्थाएं की हैं। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना को देखते हुए दर्शन की तिथियां राज्यों के अनुसार निर्धारित की गई हैं।आश्रम से मिली जानकारी के अनुसार, संत प्रेमानंद महाराज ने 18 मई से अपने नियमित सार्वजनिक कार्यक्रम स्थगित कर दिए थे और तब से बेलवन स्थित नवीन आश्रम में साधना एवं विश्राम कर रहे हैं। उनके स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए इस वर्ष दर्शन और गुरु पूर्णिमा कार्यक्रमों का स्वरूप सीमित एवं व्यवस्थित रखा गया है।कार्यक्रम के तहत 23 से 29 जुलाई तक प्रतिदिन सुबह 4:30 बजे से 5:30 बजे तक यमुना बिहार कुंज (बेलवन) में श्रद्धालु संत प्रेमानंद महाराज के दर्शन कर सकेंगे। इसके बाद सुबह 7:00 बजे से 10:00 बजे तक वृंदावन स्थित श्री राधा केली कुंज आश्रम में चरण पादुका पूजन का आयोजन होगा।वहीं प्रतिदिन दोपहर 3:30 बजे से शाम 6:30 बजे तक श्री राधा केली कुंज आश्रम में सत्संग, निकुंज लीला, संध्या आरती और नाम संकीर्तन का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।श्रद्धालुओं की भीड़ को सुव्यवस्थित रखने के लिए आश्रम ने राज्यों के अनुसार दर्शन का कार्यक्रम तय किया है। 23 जुलाई को एनआरआई, हरियाणा और कर्नाटक, 24 जुलाई को दिल्ली, गुजरात, छत्तीसगढ़, जम्मू-कश्मीर, केरल और आंध्र प्रदेश, 25 जुलाई को पंजाब, मध्य प्रदेश और झारखंड, 26 जुलाई को उत्तर प्रदेश, 27 जुलाई को बिहार, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, ओडिशा, तेलंगाना और असम, जबकि 28 जुलाई को वृंदावन निवासी शिष्य, गोवा, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु के श्रद्धालु दर्शन कर सकेंगे।गुरु पूर्णिमा के दिन 29 जुलाई को संत प्रेमानंद महाराज श्री राधा केली कुंज आश्रम पहुंचेंगे। इस दिन दर्शन एवं पूजन का कार्यक्रम केवल विरक्त शिष्य परिकर के लिए निर्धारित किया गया है।आश्रम प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे केवल अपनी निर्धारित तिथि पर ही आश्रम पहुंचें और व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें। साथ ही बताया गया है कि महाराज के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए दर्शन और अन्य धार्मिक कार्यक्रमों की व्यवस्था अलग-अलग स्थानों पर की गई है, जिससे सभी कार्यक्रम सुचारु रूप से संचालित किए जा सकें।
- होम
- UP Board Result 2025
- देश
- विदेश
- प्रदेश
- उत्तर प्रदेश
- अमरोहा
- अमेठी
- अम्बेडकर नगर
- अयोध्या (पूर्व नाम: फैजाबाद)
- अलीगढ़
- आगरा
- आजमगढ़
- इटावा
- उन्नाव
- एटा
- औरैया
- कन्नौज
- कानपुर देहात
- कानपुर नगर
- कासगंज
- कुशीनगर
- कौशांबी
- गाज़ियाबाद
- गाज़ीपुर
- गोरखपुर
- गौतम बुद्ध नगर (नोएडा)
- चंदौली
- चित्रकूट
- गोंडा
- जालौन
- जौनपुर
- बदायूं
- जगत
- प्रयागराज (पूर्व नाम: इलाहाबाद)
- झांसी
- फतेहपुर
- देवरिया
- त्रिपुरा
- पीलीभीत
- प्रतापगढ़
- बरेली
- फर्रुखाबाद
- बहराइच
- फिरोजाबाद
- बलरामपुर
- बलिया
- बांदा
- बाराबंकी
- बस्ती
- बिजनौर
- बुलंदशहर
- महामाया नगर
- महोबा
- मथुरा
- मऊ
- मिर्जापुर
- मुरादाबाद
- मुज़फ्फरनगर
- मिजोरम
- रामपुर
- महाराजगंज
- लखीमपुर खीरी
- मैनपुरी
- मेरठ
- रायबरेली
- लखनऊ
- ललितपुर
- वाराणसी
- शामली
- शाहजहांपुर
- संत कबीर नगर
- संत रविदास नगर (भदोही)
- सम्भल
- सहारनपुर
- सिद्धार्थनगर
- हापुड़
- सीतापुर
- सुल्तानपुर
- सोनभद्र
- श्रावस्ती
- हमीरपुर
- हाथरस
- हरदोई
- अरुणाचल प्रदेश
- असम
- आंध्र प्रदेश
- उत्तराखंड
- ओडिशा
- कर्नाटक
- केरल
- गुजरात
- गोवा
- छत्तीसगढ़
- तमिलनाडु
- तेलंगाना
- नगालैंड
- झारखंड
- पंजाब
- पश्चिम बंगाल
- बिहार
- हरियाणा
- महाराष्ट्र
- मध्य प्रदेश
- हिमाचल प्रदेश
- राजस्थान
- सिक्किम
- मेघालय
- मणिपुर
- उत्तर प्रदेश
- विविध
- खेल जगत
- मनोरंजन
- धर्म – आस्था
- संपादकीय
- ट्रेंडिंग
- ई-पेपर
गुरु पूर्णिमा पर संत प्रेमानंद महाराज देंगे दर्शन, श्रद्धालुओं के लिए आश्रम ने जारी की विशेष व्यवस्था
Rahul Gaur 📍 Mathura
राहुल गौड एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें प्रिंट और डिजिटल मीडिया में कार्य करने का 10 वर्षों से अधिक का अनुभव है। उत्तर प्रदेश के जनपद मथुरा में सक्रिय रहते हुए उन्होंने विभिन्न समाचार माध्यमों के लिए निष्पक्ष और प्रभावशाली रिपोर्टिंग की है। उनके कार्य में स्थानीय मुद्दों की गंभीर समझ और जनसरोकार से जुड़ी पत्रकारिता की झलक मिलती है।





















