दैनिक जिला नजर संवाददाता
फतेहाबाद/आगरा। तहसील क्षेत्र में इंसानियत और सूझबूझ की एक मिसाल देखने को मिली। प्रसव पीड़ा से जूझ रही एक महिला ने घर से अस्पताल जाते समय एंबुलेंस में ही बच्चे को जन्म दे दिया।
एंबुलेंस कर्मियों की तत्परता से जच्चा और बच्चा दोनों सुरक्षित हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार फतेहाबाद तहसील क्षेत्र के ग्राम आसे का पुरा निवासी लक्ष्मी पत्नी भूपेंद्र को शनिवार रात को अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। परिजनों ने तुरंत सरकारी एंबुलेंस को सूचना दी। एंबुलेंस महिला को लेकर फतेहाबाद सीएचसी के लिए रवाना हुई। रास्ते में ही लक्ष्मी की पीड़ा तेज हो गई और एंबुलेंस में ही प्रसव शुरू हो गया।
इस दौरान एंबुलेंस में तैनात ईएमटी प्रविंद्र कुमार और चालक सौरव ने घबराने के बजाय हिम्मत से काम लिया। दोनों ने एंबुलेंस को सुरक्षित स्थान पर रोककर जरूरी उपकरणों की मदद से प्रसव कराया।
ईएमटी प्रविंद्र कुमार ने बताया कि महिला का सामान्य प्रसव हुआ। नवजात के रोने की आवाज सुनते ही एंबुलेंस में मौजूद सभी के चेहरे खिल उठे।
सुरक्षित प्रसव के बाद एंबुलेंस टीम ने जच्चा और नवजात को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पेतीखेड़ा में भर्ती कराया। वहां डॉक्टरों ने दोनों की जांच की और बताया कि मां और बच्चा दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं।
पीएचसी के चिकित्सकों ने एंबुलेंस टीम के त्वरित निर्णय और सूझबूझ की सराहना की। उन्होंने कहा कि समय पर मदद मिलने से किसी भी तरह की जटिलता नहीं हुई। ग्रामवासियों ने भी एंबुलेंस कर्मियों के कार्य की सराहना की है।





















