झाँसी: तीन दिन से लापता 17 वर्षीय किशोरी का शव मंगलवार को गांव के पास नदी किनारे मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। किशोरी सहेली की शादी में न जाने देने से परिजनों से नाराज होकर घर से निकल गई थी। गुमशुदगी दर्ज होने के बाद पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी।
क्या है मामला?
लहचूरा थाना क्षेत्र के ग्राम धवाकर निवासी प्रेमदास के अनुसार, उनकी बेटी शीतल अहिरवार (17) को पड़ोस में रहने वाली सहेली ने अपनी शादी में आमंत्रित किया था।
परिजनों का कहना है कि गांव में सामाजिक कारणों से सहेली के परिवार के यहां आना-जाना बंद था, जिस कारण शीतल को शादी में जाने से मना कर दिया गया। इस बात से वह नाराज हो गई थी। बताया गया कि उसने रात में खाना भी नहीं खाया और 20 फरवरी की सुबह घर से निकल गई।
काफी तलाश के बाद भी जब उसका पता नहीं चला तो परिजनों ने थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई।
नदी किनारे मिला शव
मंगलवार को गांव के पास से गुजर रही नदी के किनारे चरवाहों ने एक किशोरी का शव पड़ा देखा और इसकी सूचना ग्रामीणों व पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव की शिनाख्त शीतल के रूप में कराई।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
फोरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य
घटना की गंभीरता को देखते हुए फोरेंसिक टीम ने भी मौके का निरीक्षण किया और साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जांच जारी
पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, किशोरी घर से नाराज होकर निकली थी, हालांकि मौत के कारणों की स्पष्ट पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगी।
- रिपोर्ट – नेहा श्रीवास

