लखनऊ। होली पर्व को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार अलर्ट मोड में आ गई है। मुख्य सचिव एसपी गोयल ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी मंडलायुक्तों, जिलाधिकारियों, वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और आबकारी अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में कानून-व्यवस्था, आबकारी व्यवस्था और खनन विभाग की विस्तृत समीक्षा हुई।
मुख्य सचिव ने स्पष्ट निर्देश दिए कि होली के दौरान अवैध और जहरीली शराब के उत्पादन, भंडारण व बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। किसी भी जनपद में ऐसी शराब से कोई दुर्घटना न हो, इसके लिए जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जाए। संवेदनशील जिलों में विशेष सतर्कता बरती जाए। अधिकारियों को आदेश दिए गए:
- शराब की दुकानों, ढाबों, संदिग्ध स्थलों पर औचक निरीक्षण बढ़ाएं।
- अंतरराज्यीय सीमाओं पर चेकिंग अभियान तेज करें, ताकि बाहर से जहरीली शराब न घुसे।
- अधिकृत भांग दुकानों पर किसी भी हाल में गांजा या अन्य नशीले पदार्थों की बिक्री न होने दें।
- सभी विभागों में आपसी समन्वय से प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई सुनिश्चित करें।
इसके अलावा, बैठक में खनन विभाग की समीक्षा भी हुई। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि राजस्व लक्ष्य की शत-प्रतिशत पूर्ति हो, स्रोत स्तर पर निगरानी मजबूत करें और ओवरलोडिंग व अवैध खनन पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
एक दिन पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी होली को लेकर विशेष सतर्कता के निर्देश दिए थे, जिसमें कानून-व्यवस्था बनाए रखने, नशीले पदार्थों पर रोक और त्योहार को सुरक्षित बनाने पर जोर था।
प्रशासन का दावा है कि इन निर्देशों से होली पर कोई अप्रिय घटना नहीं होगी और आमजन सुरक्षित तरीके से त्योहार मना सकेगा। कई जिलों में पहले से ही चेकिंग शुरू हो चुकी है।











