🔹 99 साल के पट्टों के बावजूद दूसरे को सौंपा प्रबंधन, पुलिस मौजूदगी में निर्माण से बढ़ा आक्रोश
जिला नजर, ब्यूरो चीफ
______________
मिश्रित/ सीतापुर। मिश्रित तहसील क्षेत्र के रामनगर मजरा जसरथपुर में स्थित एक प्राचीन मंदिर और उससे जुड़ी भूमि का विवाद प्रशासन के लिए गंभीर चुनौती बन गया है। वर्षों से खंडहर पड़े इस मंदिर की भूमि पर पहले सर्वराहकारों द्वारा नगद धनराशि लेकर 99 वर्ष के पट्टे दिए गए, लेकिन बिना उन्हें निरस्त किए ही हाल में एक अन्य व्यक्ति को देखरेख सौंप दी गई।
आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी में विवादित भूमि पर बाउंड्री और कमरा निर्माण कराया गया, जिससे मोहल्ला वासियों और पट्टाधारकों में आक्रोश फैल गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि दशकों से उपयोग में आ रहा रास्ता भी बंद कर दिया गया है।
मामले में ट्रस्ट संपत्ति होने के कारण बिना जिलाधिकारी की अनुमति पट्टा और हस्तांतरण पर भी सवाल उठ रहे हैं। वहीं उपजिलाधिकारी ने कहा कि यदि पट्टाधारकों के अधिकारों का उल्लंघन हुआ है तो वे थाने में शिकायत दर्ज कराएं। पूरे प्रकरण ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली और भूमि प्रबंधन पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए।























