बस्ती। शनिवार को देश की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले को उनकी जयन्ती पर याद किया गया। जन अधिकार पार्टी जिलाध्यक्ष राम आशीष मौर्य के संयोजन में प्रेस क्लब सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि मण्डल प्रभारी शिवाजी कुशवाहा ने कहा कि भारत में शिक्षा पाना सभी का अधिकार है लेकिन समाज में कई समुदाय इससे लंबे समय तक दूर रहे हैं. उन्हें शिक्षा का अधिकार पाने के लिए लंबा लड़ाई लड़नी पड़ी है। खासतौर पर लड़कियों को शिक्षा पाने के लिए अपनों का ही विरोध झेलना पड़ा है। देश की पहली महिला शिक्षिका सावित्री बाई फुले ने पहले खुद लंबी लडाई लड़कर पढ़ाई की और उसके बाद दूसरी लड़कियों को पढ़ने में मदद की. सावित्री बाई फुले के बिना देश की शिक्षा और समाजिक उत्थान की बात अधूरी है। उनके जीवन संघर्षो से प्रेरणा लेकर शिक्षा क्षेत्र में योगदान सुनिश्चित करना होगा।
विशिष्ट अतिथि कुलदीप मौर्य जिला प्रभारी सिद्धार्थ नगर, रामसूरत मौर्या जिलाध्यक्ष संत कबीर नगर ने कहा कि सावित्रीबाई फुले जब लड़कियों को पढ़ाने स्कूल जाती थी तो पुणे में स्त्री शिक्षा के विरोधी उन पर गोबर फेंक देते थे, पत्थर मारते थे. वे हर दिन बैग में अतिरिक्त साड़ी लेकर जाती थी और स्कूल पहुंचकर अपनी साड़ी बदल लेती थीं। सावित्रीबाई ने उस दौर में लड़कियों के लिए स्कूल खोला जब बालिकाओं को पढ़ाना-लिखाना सही नहीं माना जाता था. सावित्रीबाई फुले एक कवियत्री भी थीं. उन्हें मराठी की आदिकवियत्री के रूप में भी जाना जाता है। बालिका शिक्षा के लिये उनका योगदान सदैव याद किया जायेगा।
जन अधिकार पार्टी जिलाध्यक्ष राम आशीष मौर्य ने आगन्तुकों का स्वागत करते हुये कहा कि सावित्रीबाई फुले आज भी प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणादायी हैं। नयी पीढी को उनसे प्रेरणा लेनी चाहिये। उनका योगदान सदैव याद किया जायेगा।
कार्यक्रम में झिनकान मौर्य, अभिषेक मौर्य, पंचराम मौर्य, विकास गौतम, अखिलेश प्रजापति, रामदेव मौर्य, साधु शरण गौतम, दीपक कनौजिया, ओम प्रकाश मौर्य, पंचराम मौर्य, अजय मौर्या, सुनील मौर्य, मनोज मौर्य, राघव आदि उपस्थित रहे।
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प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले को जयन्ती पर किया नमन्
शिवेश शुक्ला मंडल ब्यूरो चीफ, बस्ती
शिवेश शुक्ला मंडल ब्यूरो चीफ, बस्ती (जिला नज़र सोशल & प्रिंट मीडिया न्यूज़ नेटवर्क) शिवेश शुक्ला एक प्रतिबद्ध और अनुभवी पत्रकार हैं, जो पत्रकारिता में 10 वर्षों की दक्षता रखते हैं। बीते 5 वर्षों से 'जिला नज़र' में मंडल ब्यूरो चीफ पद पर कार्यरत हैं, वे निर्भीकता और निष्पक्षता के साथ जनसरोकार से जुड़ी खबरों की मुखर आवाज बने हुए हैं।





