आगरा: जिले की पॉश कॉलोनी जयपुर हाउस में एक कारोबारी की महंगी टोयोटा फॉर्च्यूनर को महाराष्ट्र के हाईटेक चोर गिरोह ने महज दो मिनट में चुरा लिया। गिरोह ने कार के एडवांस्ड लॉक को WiFi और लैपटॉप-आधारित इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से हैक कर लिया। चोरी के 3 दिन बाद पुलिस ने मथुरा में घेराबंदी कर कार और एक आरोपी को बरामद किया, जबकि दो साथी भाग निकले। अब पुलिस गिरोह के सरगना आदिल (महाराष्ट्र) सहित बाकी 4 सदस्यों की तलाश में जुटी है।

एसीपी लोहामंडी गौरव सिंह ने बताया कि जयपुर हाउस निवासी पुल्कित बंसल एक कारोबारी हैं और उनके पास आधा दर्जन से ज्यादा महंगी कारें हैं। घर में पार्किंग की कमी के कारण फॉर्च्यूनर को बाहर सड़क पर खड़ा कर दिया जाता था। 17 फरवरी की रात करीब 2 बजे चोरी हुई।

सीसीटीवी फुटेज से खुलासा: कैसे हुई चोरी?

  • सीसीटीवी में दिखा: एक क्रेटा कार आई, उसमें से कोई उतरा नहीं।
  • दो मिनट बाद एक युवक फॉर्च्यूनर का लॉक खोलकर कार लेकर चला गया।
  • पुलिस ने फुटेज ट्रैक कर रूट पता किया: कार बिचपुरी → अछनेरा → मोगर्रा होते हुए मथुरा की तरफ गई।
  • चोर टोल प्लाजा से बचने के लिए गांवों के रास्ते इस्तेमाल कर रहे थे। मथुरा में कार बंद हो गई (जीपीएस नहीं था)।
  • चोरों ने रिकवरी वैन बुलाई ताकि कार को गुरुग्राम ले जाया जा सके।
  • पुलिस ने कैमरों की मदद से लोकेशन ट्रेस की, घेराबंदी की। एक आरोपी को पकड़ा, दो भाग गए। चोरी की फॉर्च्यूनर, 2 चाबियां और मोबाइल बरामद।

गिरफ्तार आरोपी का खुलासा: गिरोह की पूरी साजिश

गिरफ्तार आरोपी रिजवान जिया उल्लाह खान (महाराष्ट्र, रायगढ़ जिला, पनवेल थाना क्षेत्र, कावेरी बिल्डिंग निवासी) है। पूछताछ में उसने बताया:

  • साथी: आगरा निवासी पुष्पेंद्र, बिट्टू, महाराष्ट्र निवासी आदिल (सरगना), पिंटू और एक अज्ञात।
  • गिरोह ने हरियाणा, महाराष्ट्र, दिल्ली, उत्तर प्रदेश में 15 से ज्यादा लग्जरी कारें चुराईं।
  • तरीका: इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से लॉक हैक करते हैं → 30 लाख की कार को 15-16 लाख में बेच देते हैं।
  • फर्जी कागजात बनवाते हैं, फर्जी कंपनी के जरिए डील करते हैं।
  • पैसे आपस में बांटकर शौक-मौज में उड़ा देते थे।

रिजवान का क्रिमिनल बैकग्राउंड:

  • पहले पुणे में वाहन चोरी केस में जेल जा चुका।
  • केरल में साइबर ठगी की घटनाएं कीं।
  • पिछले 6 महीने से इस गिरोह से जुड़ा।
  • साइबर ठगी न होने पर “ऑन डिमांड” कार चोरी करता था।
  • टोल-फ्री गांवों के रास्तों से कार ले जाता था।

पुलिस की अपील और जांच

पुलिस अब बाकी सदस्यों की तलाश में है। थाना लोहामंडी और अन्य टीमों ने 24 घंटे में बड़ा ब्रेकथ्रू दिया। यह मामला लग्जरी कार मालिकों के लिए चेतावनी है – सड़क पर कार पार्क करते समय सावधान रहें, क्योंकि हाईटेक चोर अब WiFi और सॉफ्टवेयर से लॉक तोड़ रहे हैं।

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