बस्ती। बस्ती मण्डल के प्रथम सांसद गांधी कला भवन के साथ ही अनेक शैक्षणिक संस्थाओं के संस्थापक उदयशंकर दूबे को उनके 127 वीं जयंती पर गुरूवार को याद किया गया। इसी क्रम में कला प्रसार समिति की उप सभापति श्रीमती विन्देश्वरी दूबे को उनके 82 वें जन्म जयन्ती पर याद करते हुये स्मृति में गोष्ठी कर उनके योगदान पर चर्चा की गई।
कला प्रसार समिति सचिव हरिस्वरूप दूबे के संयोजन में कलेक्टेªट परिसर में आयोजित कार्यक्रम मंें वक्ताओं ने कहा कि बस्ती मण्डल के प्रथम सांसद उदयशंकर दूबे ने गांधी कला भवन के साथ ही अनेक शैक्षणिक संस्थाओं की स्थापना किया। दुर्भाग्य से प्रशासन साथ नहीं दे रहा है और गांधी कला भवन को सरकारी कार्यालय बना दिया गया। उनका पूरा प्रयास होगा कि प्रथम सांसद के सपनोें को साकार करने की दिशा में प्रयास लगातार जारी रहे।
जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में वीरेन्द्रनाथ पाण्डेय, अमरनाथ शुक्ल, अपूर्व शुक्ल, सूर्यकान्त त्रिपाठी, विश्म्भरनाथ पाण्डेय, पदमेश दूबे, पूनम शुक्ल, समिति की उप सभापति रश्मि आदि ने प्रथम सांसद उदयशंकर दूबे के व्यक्तित्व, कृतित्व पर प्रकाश डालते हुये उन्हें नमन् किया। कहा कि जब देश गुलाम था उन्होने आजादी की लड़ाई लड़ी और समग्र बस्ती मण्डल के विकास में अपना योगदान दिया किन्तु उन्हें उपेक्षित कर दिया गया है। कला प्रसार समिति उनके उद्देश्य को पूरा करने की दिशा में कार्य करती रहेगी।
कार्यक्रम में शेषनाथ पाठक, भानु प्रताप शुक्ल, सतीश चन्द्र मिश्र, सूर्यकान्त त्रिपाठी, विनय कुमार दूबे, सुधांश चन्द्र शुक्ल, रमेश यादव, राधेश्याम श्रीवास्तव, पूजा चौधरी, गीता तिवारी, विवेक पाल, तफसील, प्रदीप गुप्ता, पवन जायसवाल, गौरवमणि, अरविन्द तिवारी, घनश्याम मिश्र, आलोक शुक्ल आदि उपस्थित रहे।
जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में वीरेन्द्रनाथ पाण्डेय, अमरनाथ शुक्ल, अपूर्व शुक्ल, सूर्यकान्त त्रिपाठी, विश्म्भरनाथ पाण्डेय, पदमेश दूबे, पूनम शुक्ल, समिति की उप सभापति रश्मि आदि ने प्रथम सांसद उदयशंकर दूबे के व्यक्तित्व, कृतित्व पर प्रकाश डालते हुये उन्हें नमन् किया। कहा कि जब देश गुलाम था उन्होने आजादी की लड़ाई लड़ी और समग्र बस्ती मण्डल के विकास में अपना योगदान दिया किन्तु उन्हें उपेक्षित कर दिया गया है। कला प्रसार समिति उनके उद्देश्य को पूरा करने की दिशा में कार्य करती रहेगी।
कार्यक्रम में शेषनाथ पाठक, भानु प्रताप शुक्ल, सतीश चन्द्र मिश्र, सूर्यकान्त त्रिपाठी, विनय कुमार दूबे, सुधांश चन्द्र शुक्ल, रमेश यादव, राधेश्याम श्रीवास्तव, पूजा चौधरी, गीता तिवारी, विवेक पाल, तफसील, प्रदीप गुप्ता, पवन जायसवाल, गौरवमणि, अरविन्द तिवारी, घनश्याम मिश्र, आलोक शुक्ल आदि उपस्थित रहे।





