आगरा। आगरा नगर निगम की कार्यकारिणी समिति की 16वीं बैठक में शहर के विकास और यातायात सुधार से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। बैठक में बिजलीघर चौराहे का नाम बदलकर ‘शिवाजी चौक’ करने और मदिया कटरा से कोठी मीना बाजार तक के रोड का नाम ‘सरदार वल्लभ भाई पटेल मार्ग’ रखने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। यह फैसला शहर की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने की दिशा में एक कदम माना जा रहा है।
मेयर हेमलता दिवाकर कुशवाह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में कुल 7 महत्वपूर्ण प्रस्ताव पारित किए गए, जिनमें शहर की सफाई, सीवर व्यवस्था और ट्रैफिक प्रबंधन पर विशेष जोर दिया गया। पार्षद अमित सिंह द्वारा प्रस्तुत किए गए नामकरण के प्रस्तावों को समिति ने आगे सदन में भेजने के लिए हरी झंडी दे दी। इसके अलावा, आगरा मेट्रो के विस्तार के लिए नगर निगम की जमीन को ट्रांसफर करने की मंजूरी भी दी गई, हालांकि अंतिम फैसला सदन की बैठक में होगा।
बैठक में अवैध पार्किंग पर एफआईआर दर्ज करने और सूरसदन मेट्रो स्टेशन की आय का आधा हिस्सा नगर निगम को देने की शर्त पर मेट्रो को जमीन उपलब्ध कराने जैसे प्रस्तावों पर भी चर्चा हुई। मेयर हेमलता दिवाकर कुशवाह ने कहा कि ये फैसले शहरवासियों की सुविधा और विकास को ध्यान में रखकर लिए गए हैं, जिससे यातायात की समस्या कम होगी और सफाई व्यवस्था में सुधार आएगा।
यह नामकरण शहर में छत्रपति शिवाजी महाराज की विरासत को सम्मान देने का हिस्सा है, जहां पहले से ही आगरा किले में शिवाजी से जुड़े प्रदर्शन और म्यूजियम की योजनाएं चल रही हैं। स्थानीय निवासियों ने इस फैसले का स्वागत किया है, हालांकि कुछ का मानना है कि इससे यातायात संकेतों में बदलाव की जरूरत पड़ेगी।
नगर निगम के अधिकारियों ने बताया कि ये प्रस्ताव अब सदन की अगली बैठक में अंतिम मंजूरी के लिए पेश किए जाएंगे। शहर के विकास के लिए ऐसे कदम उठाए जा रहे हैं जो आगरा को और अधिक आधुनिक और व्यवस्थित बनाएंगे।





