मुरैना: मध्य प्रदेश सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 4,38,317 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड बजट पेश किया है, जो राज्य के इतिहास का सबसे बड़ा बजट है। यह बजट ‘GYANII’ (गरीब, युवा, अन्नदाता, नारी शक्ति, इंफ्रास्ट्रक्चर, इंडस्ट्री) फ्रेमवर्क पर आधारित है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत@2047 विजन से जुड़ा हुआ है।
मुरैना में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कृषि मंत्री एदल सिंह कंसाना ने बजट की सराहना करते हुए कहा, “यह बजट विकसित मध्य प्रदेश के संकल्प को साकार करते हुए जनकल्याण को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगा। मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व में उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा द्वारा पेश यह बजट गरीबों, युवाओं, महिलाओं और किसानों की समृद्धि का मार्ग प्रशस्त करेगा। यह प्रदेश के समग्र विकास और मजबूत अर्थव्यवस्था का दृष्टिपत्र है।”

बजट की प्रमुख हाइलाइट्स:
- कुल बजट आकार: 4,38,317 करोड़ रुपये (पिछले साल से उल्लेखनीय वृद्धि, रोलिंग बजट के रूप में पहली बार पेश)।
- पूंजीगत व्यय (Capital Expenditure): 7.5% की बढ़ोतरी, प्रभावी रूप से 1.06 लाख करोड़ रुपये तक (एक्स्ट्रा-बजटरी संसाधनों सहित) – राज्य के इतिहास में सबसे ज्यादा, इंफ्रास्ट्रक्चर, सड़क, सिंचाई और इंडस्ट्री पर फोकस।
- राज्य की अर्थव्यवस्था (GSDP): लगभग 18.48 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई (11.14% ग्रोथ का अनुमान)।
- कोई नया टैक्स नहीं: मौजूदा कर दरें यथावत, आर्थिक स्थिरता और नागरिकों पर बोझ कम रखने का फैसला।
- अनुसूचित जनजाति (ST) विभाग: 47,429 करोड़ रुपये का प्रावधान।
- अनुसूचित जाति (SC) विभाग: 31,192 करोड़ रुपये निर्धारित।
- महिला कल्याण: 1.27 लाख करोड़ रुपये से अधिक (लाड़ली बहना योजना के लिए 23,882-23,883 करोड़)।
- किसान कल्याण: 1.15 लाख करोड़ रुपये से अधिक (बिजली बिल सब्सिडी पर 19,000 करोड़, 2026 को ‘किसान कल्याण वर्ष’ घोषित)।
- ग्रामीण विकास: 40,062 करोड़ रुपये, 8,000 किमी सड़क नवीनीकरण, 125 दिन रोजगार गारंटी।
- अन्य प्रमुख क्षेत्र: स्वास्थ्य पर 23,747 करोड़, शिक्षा में 15,000 शिक्षक भर्ती + कक्षा 8 तक फ्री टेट्रा पैक दूध, युवाओं के लिए 25,000 करोड़ लोन प्रावधान, स्पोर्ट्स पर 815 करोड़।
कंसाना ने विशेष रूप से किसानों पर फोकस करते हुए कहा कि बजट में कृषि और संबद्ध क्षेत्रों के लिए भारी प्रावधान हैं, जो अन्नदाताओं की आय दोगुनी करने और आत्मनिर्भर बनाने में मदद करेंगे। उन्होंने इसे मोहन यादव सरकार की प्राथमिकताओं – महिला सशक्तिकरण, युवा रोजगार, किसान कल्याण और इंफ्रास्ट्रक्चर – का मजबूत प्रमाण बताया।
- रिपोर्ट – जिला ब्यूरो चीफ मुरैना मुहम्मद इसरार खान