अलीगढ़। जनपद अलीगढ़ की तहसील व नगर इगलास में सिंथेटिक दूध और मिलावटी पनीर का धंधा धड़ल्ले से चल रहा है। लेकिन जिम्मेदार अधिकारी मूक दर्शक बने हुए हैं।

अगर बात कार्यवाही की आती है तो मामला फाइलों तक ही सिमट कर रह जाता है lआज तक किसी भी व्यापारी या करोवारी के खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाए गये

आखिर क्यों?

बताया जाता है कि इगलास नगर में पनीर, खोआ, मक्खन आदि मिठाईयों के नाम पर नगर व देहात में दूध व दूध से निर्मित जहर बेचा जा रहा है । जिसका व्यापार नगर में मुख्य चौराहा , महेंद्र नगर, सराय बाजार आदि स्थानों पर बड़े पैमाने पर मिलावटी और सिंथेटिक पनीर, खोआ व मक्खन, मिठाइयाँ बड़े स्तर पर बेचा जा रहा है। सिंथेटिक पनीर व अन्य उत्पाद नियमित खाने से इंसान के शरीर में अनेकों गंभीर बीमारियां जैसे किडनी, लीवर की समस्या हो सकती हैं।

बताया तो यह भी गया है कि शादियों के सीजन में सिंथेटिक पनीर की सप्लाई बड़े पैमाने होती है। इसके अलावा कई अन्य दुकानदार मिलावटी और सिंथेटिक पनीर का व्यापार कर धन्नासेठ बन गए हैं। लोगों का कहना है कि खाद्य निरीक्षक से दुकानदारों व दूध व्यापारियीं गहरी सांठगांठ है l इसीलिए तो इनकी न कभी जांच होती है और न सैंपल भरे जाते हैं अगर अधिकारी कभी कोई कार्यवाही भूलवस कर देते है तो वह कार्यवाही सिर्फ फ़ाइलो में सिमिट कर रह जाती है l

उसी का नतीजा है कि दूध के व्यापारी लोग दौलत कमाने के चक्कर में आमजन की सेहत से खिलवाड़ कर रहे हैं। नगर के समाजसेवी एवं पूर्व सांसद प्रतिनिधि ज्ञानू शर्मा सहित कई लोगों ने मांग कि है कि नगर में मिलावटी और सिंथेटिक पनीर बनाने वालों के खिलाफ अभियान चलाकर जांच और नमूने भरने की कार्यवाही करें तथा उस कार्यवाही की उच्च अधिकारीयों के निर्देशन में सघन जाँच हो नमूने फेल आने पर लोगों के जीवन से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जावे।

  • रिपोर्ट – संजय भारद्वाज

दैनिक जिला नज़र – (नजरिया सच का) प्रिंट & सोशल मीडिया न्यूज़ नेटवर्क दैनिक जिला नज़र सत्यनिष्ठ पत्रकारिता और जनपक्षीय विचारधारा का विश्वसनीय मंच है। हम समाचारों को केवल प्रसारित नहीं करते—बल्कि उन्हें प्रमाणिकता, नैतिकता और गहन विवेक के साथ पाठकों तक पहुँचाते हैं। स्थानीय सरोकारों से लेकर राष्ट्रीय मुद्दों तक, हर सूचना को हम निष्पक्ष दृष्टि, आधुनिक संपादकीय मानकों और जिम्मेदार मीडिया आचरण के साथ प्रस्तुत करते हैं। प्रिंट की गरिमा और डिजिटल की गति—दोनों का संतुलित संगम है "जिला नज़र"। हमारा ध्येय है— सत्य को स्वर देना, समाज को दिशा देना। दैनिक जिला नज़र जहाँ समाचार विश्वसनीयता की भाषा बोलते हैं।

error: Content is protected !!
Exit mobile version