आगरा: आगरा के जूता उद्योग से जुड़े एक प्रमुख उद्यमी पर कथित उगाही, फर्जी बकाया दिखाकर मानसिक उत्पीड़न और जान से मारने की धमकी देने के गंभीर आरोपों में बड़ा कानूनी विकास हुआ है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) मृत्युंजय श्रीवास्तव ने थाना सिकंदरा को आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर निष्पक्ष विवेचना (जांच) करने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं।

पीड़ित का दावा और मामला

  • पीड़ित: शास्त्रीपुरम स्थित एचके-एचआर इंटरनेशनल एक्सपोर्ट पार्क के संचालक राजेश खुराना (जूता निर्माण व्यवसायी)।
  • उन्होंने अपने अधिवक्ता अनिल अग्रवाल के माध्यम से CJM कोर्ट में प्रार्थना पत्र दायर किया।
  • खुराना का कहना है कि उनका लेन-देन एस के एंटरप्राइजेज और एस के सेल्स कार्पोरेशन से था। बकाया राशि 31 मार्च 2020 तक पूरी तरह समायोजित और समाप्त हो चुकी थी, जिसका उल्लेख आयकर अभिलेखों में भी है।
  • इसके बावजूद आरोपितों – सौरभ जैन, सुरेंद्र कुमार जैन और अंशुल जैन (इन फर्मों के साझेदार) – ने कथित तौर पर SUPPORT@CREDITQ.IN नामक वसूली एजेंसी के माध्यम से दबाव बनाना शुरू किया।

धमकी और उत्पीड़न के आरोप

  • 21 नवंबर 2025 को सुबह करीब 11:02 बजे एक कॉल में अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर जान से मारने की धमकी दी गई।
  • इससे पहले 15 अक्टूबर 2025 को खुराना ने सभी आरोपितों को विधिक नोटिस भेजा था, जो 16-18 अक्टूबर के बीच प्राप्त हुआ।
  • नोटिस के बावजूद कॉल और मैसेज का सिलसिला जारी रहा, जिससे खुराना गंभीर मानसिक तनाव और माइग्रेन से पीड़ित हो गए।
  • खुराना ने थाना सिकंदरा, पुलिस आयुक्त आगरा और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को शिकायत भेजी, लेकिन मुकदमा न दर्ज होने पर अदालत का रुख किया।

अदालत का आदेश

प्रार्थना पत्र में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं (उगाही, धमकी, मानसिक उत्पीड़न आदि संबंधित संज्ञेय अपराध) का उल्लेख किया गया। CJM ने थाना सिकंदरा को निर्देश दिए:

  • प्रार्थना पत्र में वर्णित तथ्यों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज करें।
  • नियमानुसार निष्पक्ष विवेचना सुनिश्चित करें।

दैनिक जिला नज़र – (नजरिया सच का) प्रिंट & सोशल मीडिया न्यूज़ नेटवर्क दैनिक जिला नज़र सत्यनिष्ठ पत्रकारिता और जनपक्षीय विचारधारा का विश्वसनीय मंच है। हम समाचारों को केवल प्रसारित नहीं करते—बल्कि उन्हें प्रमाणिकता, नैतिकता और गहन विवेक के साथ पाठकों तक पहुँचाते हैं। स्थानीय सरोकारों से लेकर राष्ट्रीय मुद्दों तक, हर सूचना को हम निष्पक्ष दृष्टि, आधुनिक संपादकीय मानकों और जिम्मेदार मीडिया आचरण के साथ प्रस्तुत करते हैं। प्रिंट की गरिमा और डिजिटल की गति—दोनों का संतुलित संगम है "जिला नज़र"। हमारा ध्येय है— सत्य को स्वर देना, समाज को दिशा देना। दैनिक जिला नज़र जहाँ समाचार विश्वसनीयता की भाषा बोलते हैं।

error: Content is protected !!
Exit mobile version