गोवर्धन। कस्बे के दानघाटी मंदिर मार्ग पर सोमवार देर शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक दुकान पर रखे गैस सिलेंडर में अचानक आग लग गई। आग इतनी भीषण थी कि देखते ही देखते उसने पूरी दुकान को अपनी चपेट में ले लिया। घटना भीड़भाड़ वाले व्यस्ततम इलाके में होने के कारण लोगों में दहशत फैल गई।
आग लगने की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक भगवत सिंह गुर्जर पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। कुछ ही देर में क्षेत्राधिकारी अनिल कुमार सिंह भी पुलिस फोर्स के साथ घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिस ने तत्काल इलाके को खाली कराते हुए आवागमन बंद कराया और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। यदि समय रहते पुलिस मौके पर नहीं पहुंचती तो बड़ा हादसा हो सकता था।
गौरतलब है कि गिरिराज दानघाटी मंदिर मार्ग पर लक्ष्मीनारायण मंदिर के सामने भगवान दास सैनी की ‘श्री गिरिराजजी परांठे वाले’ के नाम से दुकान है। दुकान पर परांठे बनाने के लिए रखे गैस सिलेंडर में अचानक आग पकड़ ली, जिसने कुछ ही पलों में भयावह रूप ले लिया।
आवासीय क्षेत्र में होटल-ढाबे बन रहे खतरे का कारण
धार्मिक दृष्टि से गोवर्धन अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है, जहां 21 किलोमीटर परिक्रमा मार्ग में प्रतिदिन हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ रहती है। इसके बावजूद क्षेत्र में बिना फायर एनओसी के बड़ी संख्या में होटल, ढाबे और दुकानें संचालित हो रही हैं, जिनमें घरेलू गैस सिलेंडरों का उपयोग किया जा रहा है। यह स्थिति कभी भी बड़े हादसे को जन्म दे सकती है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस ओर अग्निशमन विभाग और आपूर्ति विभाग की ओर से लापरवाही बरती जा रही है।
प्रशासन का सख्त रुख
क्षेत्राधिकारी अनिल कुमार सिंह ने बताया कि गोवर्धन क्षेत्र में बिना फायर सेफ्टी के संचालित होटल, ढाबा और दुकानों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। जिन प्रतिष्ठानों में फायर सेफ्टी उपकरण नहीं पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की तत्परता और सूझबूझ से आग पर काबू पाने के बाद स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली और पुलिस के कार्य की चहुंओर सराहना की जा रही है।
